"मेरे इन्द्रधनुष"
दिल की बात शब्दों के रंग में...
Monday, April 20, 2015
"हमारे कितने 'आज' गुजर गए
पर एक उनका 'कल' नहीं आया!"
-शशिष कुमार तिवारी
(20th April 2015, 8.59pm, Delhi)
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